09/07/2026
इतिहास के स्वर्णिम 5 वर्ष! ✨
आज से 5 वर्ष पूर्व (2021) नोनिया समाज के गौरवपूर्ण इतिहास में एक नया अध्याय जुड़ा, जब एकरा रेलवे ओवरब्रिज (राष्ट्रीय राजमार्ग–22, पूर्व में NH-77), वैशाली का नामकरण "बुद्धू नोनिया ब्रिज" के रूप में किया गया।
यह ऐतिहासिक नामकरण ई. कमलेश कुमार चौहान (संस्थापक, नोनिया सेना) के नेतृत्व में संपन्न हुआ। यह नोनिया समाज द्वारा किसी पुल के नामकरण का एक ऐतिहासिक प्रयास था, जिसने समाज की पहचान और स्वाभिमान को नई दिशा दी।
आज "बुद्धू नोनिया ब्रिज" का नाम: ✅ Patna High Court (CWJC No. 6291/2021) की याचिका के दस्तावेज़ों में भी उल्लिखित है।
✅ Google Maps पर भी दर्ज है।
यह उपलब्धि केवल एक पुल के नाम की नहीं, बल्कि नोनिया समाज के सम्मान, इतिहास, संघर्ष और एकता की पहचान है।
आइए, इस ऐतिहासिक उपलब्धि को याद करते हुए समाज के महापुरुषों के सम्मान और अपने गौरवशाली इतिहास के संरक्षण का संकल्प लें।
एकता • सेवा • समर्पण • संघर्ष
— नोनिया सेना परिवार
🌐 www.nonia.org�