24/05/2026
पालमपुर : अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (अभाविप) कृषि विश्वविद्यालय इकाई द्वारा आज छात्र कल्याण अधिकारी को छात्रों की विभिन्न समस्याओं एवं मांगों को लेकर ज्ञापन सौंपा गया। अभाविप कृषि विश्वविद्यालय पालमपुर इकाई ने इस ज्ञापन के माध्यम से विश्वविद्यालय प्रशासन की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए गए तथा छात्र हितों से जुड़े मुद्दों का शीघ्र समाधान करने की मांग की गई।
इकाई अध्यक्ष शैफाली ठाकुर ने बताया की विश्वविद्यालय में लंबे समय से लंबित खेल एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया गया। परिषद ने मांग की कि छात्रों की खेल प्रतिभा को प्रोत्साहित करने और सांस्कृतिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए अंतर-महाविद्यालय खेलकूद प्रतियोगिता, एथलीट मीट तथा युवा महोत्सव का आयोजन जल्द करवाया जाए। परिषद ने कहा कि पिछले चार वर्षों से युवा महोत्सव आयोजित नहीं किया गया है, जिससे छात्रों की प्रतिभाओं को मंच नहीं मिल पा रहा है।
अभाविप ने छात्रावासों में खराब पड़े ग्लोइंग बोर्डों की स्थिति पर भी चिंता व्यक्त करते हुए उन्हें तुरंत ठीक करवाने की मांग की। साथ ही विश्वविद्यालय परिसर में बढ़ती आवारा पशुओं की समस्या को छात्रों की सुरक्षा और स्वच्छता के लिए गंभीर खतरा बताते हुए उनके प्रबंधन हेतु मानवीय एवं व्यवस्थित तंत्र लागू करने की मांग रखी गई।
परिषद ने विश्वविद्यालय की स्वच्छता व्यवस्था पर भी सवाल उठाए। ज्ञापन में कहा गया कि पूरे परिसर में कूड़ेदानों की संख्या बेहद कम है और जो कूड़ेदान उपलब्ध हैं उनकी स्थिति भी खराब है। अभाविप ने विश्वविद्यालय में पर्याप्त संख्या में नए कूड़ेदान स्थापित करने तथा उनकी नियमित सफाई सुनिश्चित करने की मांग की।
इसके अतिरिक्त, परिषद ने एचआरडी प्लेसमेंट सेंटर को पूर्ण रूप से सक्रिय करने की मांग उठाई। परिषद का कहना है कि प्लेसमेंट सेल लंबे समय से प्रभावी रूप से कार्य नहीं कर रहा है, जिसके कारण छात्रों को प्रशिक्षण, करियर मार्गदर्शन और रोजगार के अवसरों से वंचित होना पड़ रहा है।
छात्रों के स्वास्थ्य और सर्वांगीण विकास को ध्यान में रखते हुए जिम, खेल और संगीत उपकरणों के नियमित रखरखाव एवं उन्नयन की मांग भी ज्ञापन में शामिल रही। साथ ही नाट्य एवं प्रदर्शन कला गतिविधियों को बढ़ावा देने के लिए रंगमंच संबंधी गतिविधियों हेतु हॉल आवंटन की स्पष्ट एवं औपचारिक प्रक्रिया निर्धारित करने की आवश्यकता पर बल दिया गया।
अभाविप ने छात्रावास आवंटन प्रक्रिया को लेकर भी प्रशासन को घेरा। परिषद ने कहा कि हॉस्टल आवंटन प्रक्रिया को पारदर्शी और समयबद्ध बनाया जाए, क्योंकि वर्तमान में करीब 30 छात्र-छात्राएं ऐसे हैं जिन्हें अब तक हॉस्टल आवंटन नहीं मिला है। परिषद ने मांग की कि इन सभी छात्रों को शीघ्र छात्रावास उपलब्ध करवाए जाएं।
ज्ञापन सौंपे जाने के बाद छात्र कल्याण अधिकारी देशराज चौधरी ने परिषद को आश्वासन दिया कि इन सभी समस्याओं का जल्द समाधान निकालने का प्रयास किया जाएगा।
इस अवसर पर अभाविप अध्यक्ष शैफाली ठाकुर ने कहा कि विश्वविद्यालय में छात्रों से जुड़ी मूलभूत सुविधाओं की लगातार अनदेखी हो रही है। प्रशासन केवल कागजी कार्यवाही तक सीमित है, जबकि छात्र रोजमर्रा की समस्याओं से जूझ रहे हैं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगों पर शीघ्र कार्रवाई नहीं की गई तो अभाविप छात्रों के अधिकारों के लिए उग्र आंदोलन करने को बाध्य होगी।