03/10/2026
🙏 🙏 श्री लाल बहादुर शास्त्री जी के संदर्भ में एक बेहद मार्मिक संदेश 🙏 🙏
भारत के दूसरे प्रधानमंत्री लाल बहादुर शास्त्री को उनकी सादगी, कर्मठता तथा ईमानदारी के लिए जाना जाता है। उनकी इसी सादगी से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा है। एक बार शास्त्रीजी एक दुकान में साड़ी खरीदने गए। दुकान का मालिक शास्त्रीजी को देख बेहद खुश हुआ। उसने उनके आने को अपना सौभाग्य माना और स्वागत-सत्कार किया। शास्त्री जी ने कहा, वह जल्दी में हैं और उन्हें चार-पांच साड़ियां चाहिए। दुकान का मैनेजर शास्त्रीजी को एक से बढ़कर एक साड़ियां दिखाने लगा। साड़ियां काफी कीमती थीं।
दुकानदार ने उन्हें सम्मान देते हुए 800 और 1000 रुपये तक की महंगी साड़ियाँ दिखाईं। शास्त्री जी ने यह कहकर उन्हें देखने से मना कर दिया कि ये उनके लिए बहुत अधिक दाम की हैं और उन्हें कम मूल्य की साड़ियाँ दिखाई जाएँ।
• जब मैनेजर ने थोड़ी और कम कीमत की साड़ियाँ दिखाईं, तब भी शास्त्री जी ने कहा कि ये भी उनके लिए महंगी हैं और एकदम सस्ती साड़ियाँ दिखाने को कहा। मैनेजर को देश के प्रधानमंत्री को बहुत सस्ती साड़ी दिखाने में संकोच हो रहा था, लेकिन शास्त्री जी ने उसकीि झिझक भांप ली।
• दुकानदार ने प्रभावित होकर कहा कि ये साड़ियाँ प्रधानमंत्री के लिए उपहार हैं और इनके पैसे नहीं लगेंगे। इस पर शास्त्री जी ने दृढ़ता से मना कर दिया और कहा कि वह देश के प्रधानमंत्री जरूर हैं, लेकिन मुफ्त की चीज़ें लेकर अपनी ईमानदारी नहीं बेचेंगे। उन्होंने अपनी मेहनत की कमाई से ही किफायती और सस्ती साड़ियाँ खरीदीं।
मेहनती और स्वावलंबी पुरूष की यही निशानी होती है।।
वो अपने प्राण त्याग देगा परंतु किसी का हिस्सा लेना पसंद नहीं करेंगा।।
सिर्फ कमाने के लिए गलत तरीके नहीं अपनाएगा।।
स्वाबलंबी मनुष्य जीवन में जो जितना है उसी में। संतुष्ट रहने की कोशिश करते है।।
जय श्री कृष्णा
Sanskrit sanskriti OR sanskar
Sandipani Sharma
PMO India
Narendra Modi
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