24/08/2026
आर्थिक आधार पर आरक्षण (EWS) उन गरीब नागरिकों को सहायता देने के लिए जरूरी है जो किसी भी जाति या वर्ग से हों लेकिन गंभीर आर्थिक तंगी के कारण उच्च शिक्षा और सरकारी नौकरियों में पीछे छूट जाते हैं। यह व्यवस्था बिना किसी सामाजिक भेदभाव के वास्तविक जरूरतमंदों को आगे बढ़ने का अवसर देती है।
आर्थिक आरक्षण के मुख्य कारणगरीबी की कोई जाति नहीं होती: आर्थिक संकट, महंगाई और बेरोजगारी हर वर्ग के गरीब परिवारों को प्रभावित करती है। सामान्य वर्ग के गरीब लोग भी उतने ही संघर्ष करते हैं जितने अन्य वर्ग के लोग।समान अवसर की प्राप्ति: समाज के हर सक्षम और कमजोर व्यक्ति को अपनी प्रतिभा दिखाने के लिए बुनियादी संसाधन मिलने चाहिए। आर्थिक मदद मिलने से योग्य गरीब युवाओं को आगे बढ़ने का हक मिलता है।संविधान का समर्थन: भारत सरकार ने 103वें संविधान संशोधन के तहत आर्थिक रूप से कमजोर वर्गों (EWS) के लिए 10% आरक्षण का प्रावधान किया है। सर्वोच्च न्यायालय ने भी इसे वैध ठहराया है।जरूरतमंदों तक लाभ: इससे उच्च जातियों या अन्य समूहों में छुपे उन गरीब परिवारों को संबल मिलता है जो अब तक किसी अन्य आरक्षण के दायरे में नहीं आते थे
सरस्वती
PMO India
UGC
Narendra Modi Rajander Parsad