Apna Ghar Sewa Ashram Chhattisgarh - अपना घर सेवा आश्रम छत्तीसगढ़

  • Home
  • India
  • Korba
  • Apna Ghar Sewa Ashram Chhattisgarh - अपना घर सेवा आश्रम छत्तीसगढ़

Apna Ghar Sewa Ashram Chhattisgarh - अपना घर सेवा आश्रम छत्तीसगढ़ Contact information, map and directions, contact form, opening hours, services, ratings, photos, videos and announcements from Apna Ghar Sewa Ashram Chhattisgarh - अपना घर सेवा आश्रम छत्तीसगढ़, Nonprofit Organization, Korba.

Apna Ghar Sewa Ashram (a destitute home) with the aim to serve the helpless destitute persons who are facing a very painful phase in life.All of our efforts to give them a homely environment Food, Shelter, and medical Treatment free of cost.

Happy Ganesh chaturthi
06/09/2024

Happy Ganesh chaturthi



🙏🙏🙏🙏🙏रात का सन्नाटा था, और मैं अपने घर की ओर वापस लौट रहा था। जैसे ही मैं एक छोटे से घर के पास से गुजरा, अचानक उस घर के ...
13/08/2024

🙏🙏🙏🙏🙏
रात का सन्नाटा था, और मैं अपने घर की ओर वापस लौट रहा था। जैसे ही मैं एक छोटे से घर के पास से गुजरा, अचानक उस घर के अंदर से एक बच्चे के रोने की दिल दहला देने वाली आवाज आई। आवाज में इतना दर्द और बेबसी थी कि मैं खुद को रोक नहीं पाया और उस घर के अंदर जाकर देखने का फैसला किया कि आखिर क्या हो रहा है।

दरवाजा खोलकर जब मैं अंदर गया, तो देखा कि एक मां अपने दस साल के बेटे को हल्के-हल्के मार रही थी, और खुद भी उसके साथ रो रही थी। यह दृश्य देखकर मेरा दिल कांप उठा। मैं आगे बढ़ा और मां से पूछा, "बहनजी, आप इस छोटे से बच्चे को क्यों मार रही हैं? और आप भी तो रो रही हैं। आखिर क्या हुआ है?"

मां ने आंसुओं से भरी आंखों के साथ उत्तर दिया, "भाई साहब, इस बच्चे के पिताजी भगवान को प्यारे हो गए हैं, और हम बहुत गरीब हैं। मैं लोगों के घरों में काम करके बड़ी मुश्किल से घर चलाती हूं और इसकी पढ़ाई का खर्चा उठाती हूं। लेकिन यह शरारती बच्चा रोज स्कूल से देर से आता है और घर लौटते समय भी इधर-उधर खेलता रहता है। रोजाना अपनी स्कूल की वर्दी गंदी कर लेता है और पढ़ाई में बिल्कुल भी ध्यान नहीं देता।"

मां की बात सुनकर मेरा दिल भर आया। मैंने उस बच्चे और उसकी मां को थोड़ा समझाया और फिर वहां से चला आया। लेकिन उनके दर्द ने मेरे दिल में एक गहरा असर छोड़ा।

कुछ दिन बीत गए, और एक दिन मैं सुबह-सुबह सब्जी मंडी गया। वहां अचानक मेरी नजर उसी दस साल के बच्चे पर पड़ी, जिसे मैंने कुछ दिनों पहले उसकी मां के हाथों पिटते देखा था। मैं उसे पहचान गया और चुपचाप उसका पीछा करने लगा। वह बच्चा मंडी में घूम रहा था और जो दुकानदार अपनी सब्जियां उठा रहे थे, उनके गिरने वाले सब्जियों के टुकड़ों को फौरन उठा कर अपनी झोली में डाल लेता था।

मैंने देखा कि वह बच्चा अपनी नन्ही सी दुकान लगाकर सब्जियां बेचने की कोशिश कर रहा था। लेकिन उसकी दुकान के सामने बैठे एक दुकानदार ने उसे वहां से धक्का मारकर भगा दिया। बच्चा चुपचाप अपनी सब्जियां इकठ्ठा करता रहा और फिर दूसरी जगह जाकर डरते-डरते दुकान लगाई। इस बार वहां के दुकानदार ने उसे कुछ नहीं कहा। बच्चा जल्दी-जल्दी अपनी सब्जियां बेचने लगा और फिर एक कपड़े की दुकान की ओर बढ़ गया।

उसने दुकान के मालिक को पैसे दिए और वहां से एक पैकेट उठाया। मैं अब भी उसके पीछे-पीछे था। बच्चा पैकेट लेकर सीधे अपने स्कूल की ओर चला गया। मैंने देखा कि वह आज भी एक घंटे देर से स्कूल पहुंचा था। जैसे ही वह स्कूल पहुंचा, उसने अपने शिक्षक के सामने जाकर हाथ जोड़ लिए, मानो मार खाने के लिए तैयार हो। लेकिन इस बार शिक्षक ने उसे डांटा नहीं, बल्कि गले लगा लिया और दोनों की आंखों में आंसू भर आए।

मैंने बच्चे से पूछा, "बेटा, यह जो तुमने पैकेट लिया है, उसमें क्या है?" बच्चा बोला, "अंकल, इसमें मेरी मां के लिए एक सूट है। मेरे पिताजी के जाने के बाद से मां बहुत मुश्किल से घर चलाती हैं। उनके पास पहनने के लिए अच्छे कपड़े भी नहीं हैं। मैंने जो भी पैसे कमाए, उनसे यह सूट खरीदा है।"

मेरी आंखें भीग गईं। मैंने बच्चे से पूछा, "तो अब तुम यह सूट मां को देकर खुश करोगे?" बच्चा धीरे से बोला, "नहीं अंकल, अभी नहीं। यह सूट मुझे दर्जी के पास देना है। मैंने सिलाई के पैसे जमा कर रखे हैं। मां को यह सूट सिले हुए ही दूंगा, ताकि उन्हें खुश कर सकूं।"

यह सुनकर मेरा दिल भर आया। मैंने महसूस किया कि हम कितनी आसानी से अपने छोटे-छोटे सुखों के लिए बड़े-बड़े खर्चे करते हैं, लेकिन हमारे आसपास के लोगों की ज़रूरतों का हमें अंदाज़ा तक नहीं होता।

इस घटना ने मुझे अंदर तक झकझोर दिया। उस बच्चे की मासूमियत और उसकी मजबूरियों ने मुझे यह सोचने पर मजबूर कर दिया कि क्या हमारे समाज में ऐसे गरीब और बेसहारा लोगों के लिए हमारी जिम्मेदारी नहीं बनती? क्या हम अपने आराम और सुख-सुविधाओं में से थोड़ा सा हिस्सा निकालकर इनकी मदद नहीं कर सकते?

अगर इस कहानी से आपको कुछ भी सीखने को मिला हो, तो कृपया इसे दूसरों के साथ साझा करें। हो सकता है, हमारी यह छोटी सी कोशिश किसी गरीब के घर की खुशियों की वजह बन जाए।

आइए, मिलकर उन जरूरतमंदों की मदद करें, जिनके लिए हमारी थोड़ी सी मदद भी उनके जीवन में बड़ी खुशी ला सकती है।🙏🙏🙏

रोटी बैंक सेवाछत्तीसगढ़ हेल्प वेलफेयर सोसाइटी9827952504, 8878447777
08/01/2024

रोटी बैंक सेवा

छत्तीसगढ़ हेल्प वेलफेयर सोसाइटी
9827952504, 8878447777

खुशियों का पिटारा
08/11/2023

खुशियों का पिटारा

प्रत्येक माह की भांति इस माह भी रिलाइंस स्टोर कोरबा द्वारा आश्रम को सामग्री दान स्वरूप प्रदान की गई ।।आश्रम परिवार आप सभ...
22/08/2023

प्रत्येक माह की भांति इस माह भी रिलाइंस स्टोर कोरबा द्वारा आश्रम को सामग्री दान स्वरूप प्रदान की गई ।।

आश्रम परिवार आप सभी सह्योगकर्ताओ को हृदयपूर्ण धन्यवाद करता है🙏

अपना घर सेवा आश्रम
छत्तीसगढ़ हेल्प वेलफेयर सोसाइटी
8878447777

पितृ पक्ष दानछत्तीसगढ़ हेल्प वेलफेयर सोसाइटी💪🇮🇳
12/09/2022

पितृ पक्ष दान
छत्तीसगढ़ हेल्प वेलफेयर सोसाइटी💪🇮🇳

जब भी कभी हमको ऐसे लोग दीखते हैं तब हम उनको पागल कह कर नज़रंदाज़ कर देते हैं.... कोई भी जन्म से पागल नहीं होता उनके हालात ...
18/11/2021

जब भी कभी हमको ऐसे लोग दीखते हैं तब हम उनको पागल कह कर नज़रंदाज़ कर देते हैं....

कोई भी जन्म से पागल नहीं होता उनके हालात उनको पागल बनाते है......

एक बार ऐसे प्रभुजनों से प्यार से बात कर के तो देखो आपके ह्रदय को बहुत सुकून मिलेगा और जितनी हो सके उतनी इनकी सेवा करने का प्रयास करें 🙏

आइये मिल कर अपने #छत्तीसगढ़ को लवारिसमुक्त करें💪🇮🇳

#अपना_घर_सेवा_आश्रम_छत्तीसगढ़

9827952504

*प्रभुजनों के साथ दीवाली*जगत गुरु कृपालु प्राकृत चिकित्सालय, ओडिशा के डॉ मिलिंद (बी.एन.वय.एस),डॉ तृप्ति (बी.एन.वय.एस),डॉ...
06/11/2021

*प्रभुजनों के साथ दीवाली*

जगत गुरु कृपालु प्राकृत चिकित्सालय, ओडिशा के डॉ मिलिंद (बी.एन.वय.एस),
डॉ तृप्ति (बी.एन.वय.एस),
डॉ संतोषी (डिप्लोमा इन नेचुरोपैथी) इन डॉक्टरों ने दिनांक 03 नवंबर को अपना घर सेवा आश्रम को भेंट दी।
सभी ने प्रभुजनो का हेल्थ चेक अप किया, बी.पी, शुगर, वेट के साथ सभी प्रभुजी के डाइट के बारे में भी सलाह दी।

दीपावली के सुअवसर पर वी.एच.पी कोरबा के अध्यक्ष श्री नीतीश डालमिया जी, विभाग मंत्री श्री पराशर जी, श्री विजय राठौर जी व उनकी पूरी टीम ने भी प्रभुजनो के साथ समय व्यतीत किया ।
उनका हालचाल जाना, साथ खाना खाया एवं सभी प्रभुजी को मिठाई पैकेट भी वितरण किये व शुभ दिवाली मनाई।

आश्रम परिवार सभी सम्माननीय डॉक्टरों एवं मान्यवरों को हृदयपूर्वक धन्यवाद देता है।

आप भी आश्रम परिवार के साथ खुशियों के पल बिताने के लिए आमंत्रित है।

हमें विश्वास है प्रभुजनों के चेहरों की मुस्कान देखकर आपका भी दिन सुनहरा होगा।

।। अपना घर सेवा आश्रम।।
।। गढ़बो लावारिसमुक्त छत्तीसगढ़।।
9827952504

 #प्रकल्प_दर्शनसंस्था द्वारा प्रकल्प दर्शन कार्यक्रम के दौरान अंकिता ने प्रकल्प दर्शन कर सभी प्रभुजनों से मिल कर खुशियां...
21/10/2021

#प्रकल्प_दर्शन

संस्था द्वारा प्रकल्प दर्शन कार्यक्रम के दौरान अंकिता ने प्रकल्प दर्शन कर सभी प्रभुजनों से मिल कर खुशियां बाटी ।।

Thanks ANKITA🙏😊

कभी आप भी इस प्रकल्प में आकर प्रभुजनों के साथ अपनी खुशियां बाटें 🙏

#अपना_घर_सेवा_आश्रम
#छत्तीसगढ़

9827952504

 #अपना_घर_सेवा_आश्रम  #छत्तीसगढ़ कोरबा रविशंकर नगर में आज दोपहर में पुरुष प्रभुजन मिले जिनको आश्रम परिवार द्वारा जिला अस्...
19/10/2021

#अपना_घर_सेवा_आश्रम
#छत्तीसगढ़

कोरबा रविशंकर नगर में आज दोपहर में पुरुष प्रभुजन मिले जिनको आश्रम परिवार द्वारा जिला अस्पताल कोरबा में भर्ती कराया गया है ,, इलाज उपरांत इनको आश्रम ले जाया जावेगा ।।

आप सभी सहयोगकर्ताओं द्वारा संचालित यह आश्रम छत्तीसगढ़ को लवारिसमुक्त करने हेतु प्रयत्नशील है ।।

9827952504

अपना घर सेवा आश्रम के भोला भैया बीमार हैं जिला अस्पताल कोरबा में भर्ती हैं 1 बार समय निकाल कर अवश्य मिलने जाएं और जल्द स...
19/10/2021

अपना घर सेवा आश्रम के भोला भैया बीमार हैं जिला अस्पताल कोरबा में भर्ती हैं 1 बार समय निकाल कर अवश्य मिलने जाएं और जल्द स्वस्थ होने हेतु ऊपर वाले से प्रार्थना करें🙏🙏🙏

Address

Korba

Opening Hours

Monday 9am - 5pm
Tuesday 9am - 5pm
Wednesday 9am - 5pm
Thursday 9am - 5pm
Friday 9am - 5pm
Saturday 9am - 5pm
Sunday 9am - 5pm

Telephone

+919827952504

Website

Alerts

Be the first to know and let us send you an email when Apna Ghar Sewa Ashram Chhattisgarh - अपना घर सेवा आश्रम छत्तीसगढ़ posts news and promotions. Your email address will not be used for any other purpose, and you can unsubscribe at any time.

Contact The Organization

Send a message to Apna Ghar Sewa Ashram Chhattisgarh - अपना घर सेवा आश्रम छत्तीसगढ़:

Share