12/08/2026
तस्वीरें सवाल नहीं, सबूत की तरह सामने खड़ी हैं—अब सवाल यह है कि जवाब कौन देगा?
रेवती रेंज की जमीन पर पौधरोपण के नाम पर बने निर्माण को लेकर कैलाश विजयवर्गीय, इंदौर नगर निगम और प्रशासन की भूमिका पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं। यदि सब कुछ नियमों के तहत हुआ है तो अनुमति, आदेश और भूमि की स्थिति सार्वजनिक करने में हिचक क्यों?
आशा फाउंडेशन की भूमिका भी स्पष्ट होनी चाहिए कि इस पूरे निर्माण और गतिविधि से उसका क्या संबंध है और किसकी अनुमति से यह काम हुआ।
इंदौर में सरकारी/संरक्षित जमीनों के इस्तेमाल को लेकर यदि नियम सबके लिए समान हैं, तो फिर प्रभावशाली लोगों के मामलों में खामोशी क्यों?
मुख्यमंत्री मोहन यादव को इस पूरे मामले पर स्वयं संज्ञान लेकर स्पष्ट जवाब देना चाहिए—रेवती रेंज की जमीन पर आखिर किसकी अनुमति से यह निर्माण हुआ?