"तेरा वैभव अमर रहे माँ,
हम दिन-चार रहे न रहें....!"
आज माँ भारती के अमर सपूत "मेजर पंकज कुमार पाण्डेय" जी का जन्मदिन है।आज हम सब उन्हें याद कर रहे हैं। क्यों न हम उनके जीवन से कुछ प्रेरणा लें औऱ उनकी अच्छाइयों का अनुसरण कर स्वयं को कृतार्थ करें।
पंकज भैया ने हमेशा एक श्रेष्ठ देशभक्त के रूप में सेना के दायित्वों का निर्वहन किया है। दुश्मनों को परास्त करना हमेशा उनका लक्ष्य होता था। देश सेवा के लिए
अपने जीवन की चिंता किए बिना वह किसी भी हद तक गुजर जाया करते थे।
अरुणांचल में अपनी पहली पोस्टिंग के दौरान #वर्ष_2011 में उन्होंने कई आतंकवादी पकड़े तथा #खूफिया_तंत्र(Intelligence network) को मजबूत किया।
वर्ष 2014 से 2017 तक कश्मीर में अपना नाम बदलकर( #तबरेज_आलम) ख़ास तौर पर खूफिया तंत्र(intelligence) का काम किया।
#बुरहान_वानी(पाकिस्तानी आतंकवादी) के एनकाउंटर के लिए गुप्त सूचना(Intel), दादा ने ही प्रदान की थी। तथा दादा आतंकवादियों के साथ भी रहे।
पुनः वर्ष 2020 में अरुणांचल में चीन सीमा को पार करके अंदर तक घुसे और ुट. ऊपर ADGPI - Indian Army की एक नयी पोस्ट बनायी जिसका नाम तपोला रखा गया।
तपोला पोस्ट को पूरी तरफ भैया के द्वारा ही विकसित किया गया।
अपने जीवन को माँ भारती की सेवा में समर्पित कर वह अनवरत देश सेवा में लगे रहे।
ीने_बाद जब उन्हें घर आना था,उसी दिन ये हादसा हो गया औऱ भारत माता के अनन्य सेवक हमारे बड़े भैया एक अन्य देशभक्त सपूत (साथी सैनिक) की जान बचाते हुए स्वयं माँ भारती की गोद मे चिर काल के लिए विश्राम हेतु चले गए।
"देश नहीं बनता है मिट्टी गिट्टी ईंट मकानों से,
माँ का मष्तक ऊंचा होता बेटों के बलिदानों से...!"
"शहीद मेजर पंकज कुमार पाण्डेय" अमर रहें...🙏🏻🇮🇳
✍️ आशीष