17/09/2016
राजस्थान में श्रीगंगानगर के रहने वाले रामचंद्र एक पांव के बूते पर पिछले 18 साल से खेती कर रहे हैं, और अपने परिवार को चला रहे हैं।
हादसे में एक पैर खोने के बाद निम्मावाली गांव के रहने वाले रामचंद्र चौधरी से नाते-रिश्तेदारों ने भी मुंह मोड़ लिया था। लेकिन उन्होंने हार नहीं मानी।
रामचंद्र के ज़ज्बे को युवा देश का सलाम।