24/05/2026
ऋषिकेश में हाल ही में एक बच्ची के साथ दुर्व्यवहार की जो कथित घटना सामने आई है, वह बेहद चिंताजनक है। देवभूमि की सुरक्षा और शांति सर्वोपरि है। स्थानीय जनता द्वारा मुस्तैदी दिखाना सराहनीय है, लेकिन ऐसी घटनाएं यह सोचने पर मजबूर करती हैं कि राज्य में बाहरी तत्वों के सत्यापन (Verification) को और सख्त करने की जरूरत है।
उत्तराखंड की भौगोलिक और सांस्कृतिक परिस्थिति को देखते हुए, यहाँ लंबे समय से 'सशक्त भू-कानून' और 'मूल निवास' की मांग की जा रही है। राजनीतिक नेतृत्व को केवल तात्कालिक विषयों के बजाय राज्य की लोक संस्कृति, मातृभाषा, रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसे बुनियादी मुद्दों पर गंभीर नीति बनानी चाहिए। देवभूमि के सामाजिक ताने-बाने को बचाए रखने के लिए कड़े नीतिगत फैसलों की जरूरत है। 🙏🏔️