31/05/2026
9 साल तक आईटी इंडस्ट्री में मैनेजर के पद पर काम करने वाली एक महिला ने तनाव और काम के भारी दबाव के कारण अपनी कॉर्पोरेट नौकरी छोड़ दी है। अब उसने ऑटो चलाना शुरू कर दिया है और वह हर महीने लगभग 60 हजार रुपये कमा रही है।
महिला के अनुसार, कॉर्पोरेट जीवन में लगातार मीटिंग्स, टारगेट का दबाव और मानसिक तनाव उसकी दिनचर्या का हिस्सा बन गए थे। पैसा और ऊंचे पद के बजाय मानसिक शांति को प्राथमिकता देते हुए उसने यह बड़ा फैसला लिया। अब वह अपना ऑटो खुद चलाती है, काम का समय खुद तय करती है और बिना किसी बॉस के स्वतंत्र रूप से अपना काम करती है।
इस कहानी को एक कंपनी के सीईओ ओ नेजरिन मिधलाज ने इंस्टाग्राम पर साझा किया, जिसके बाद यह सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। महिला का कहना है कि वह अब पहले से कहीं ज्यादा खुश और संतुष्ट है। इंटरनेट पर कई यूजर्स और आईटी कर्मचारी इस महिला के साहस और मानसिक शांति को चुनने के फैसले की काफी तारीफ कर रहे हैं।