19/09/2026
तमिलनाडु में गूंजा कूर्मि एकता का संदेश
राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. वी.एस. निरंजन के नेतृत्व में महासभा का व्यापक जनसंपर्क अभियान, शिवकाशी में 15 किमी रैली ने दिखाया समाज का उत्साह
चेन्नई/शिवकाशी। अखिल भारतीय कूर्मि क्षत्रिय महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. वी.एस. निरंजन के नेतृत्व में राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने तमिलनाडु के विभिन्न क्षेत्रों का दौरा कर समाजजनों से सीधा संवाद किया। इस दौरान संगठन की मजबूती, सामाजिक एकता, युवाओं की भागीदारी और समाज के अधिकारों से जुड़े महत्वपूर्ण विषयों पर व्यापक चर्चा हुई।
तमिलनाडु प्रवास की शुरुआत 4 सितंबर को चेन्नई से हुई। इसके बाद 5 सितंबर को तंजावुर, 6 सितंबर को करूर और 7 सितंबर को कोयंबटूर में समाजजनों के साथ बैठकें एवं संपर्क कार्यक्रम आयोजित किए गए। हर स्थान पर राष्ट्रीय पदाधिकारियों का स्थानीय समाज द्वारा आत्मीय स्वागत किया गया।
तमिलनाडु की करूर गाँव में सामाजिक और सांस्कृतिक विविधता भी इस प्रवास में देखने को मिली। 32 गांवों के प्रमुख श्री मल्लार स्वामीनाथन सहित स्थानीय समाजजनों ने राष्ट्रीय पदाधिकारियों का पारंपरिक अंदाज में स्वागत किया। अतिथियों के लिए पनियारम, कोलुकट्टई, पुदु, परुप्पु पायसम तथा विभिन्न प्रकार के मिलेट लड्डू सहित लगभग 17 प्रकार के पारंपरिक व्यंजन परोसे गए। इस आत्मीय सत्कार ने उत्तर और दक्षिण के सामाजिक रिश्तों को और मजबूत किया।
शिवकाशी में निकली 15 किलोमीटर की विशाल रैली
8 सितंबर को शिवकाशी में लगभग 15 किलोमीटर की रैली निकाली गई। रैली में समाज के लोगों ने उत्साहपूर्वक भाग लेकर सामाजिक एकता और संगठन के प्रति अपनी प्रतिबद्धता का परिचय दिया। रैली के बाद बैंक्वेट हॉल में आयोजित बैठक में समाज की वर्तमान स्थिति और भविष्य की दिशा पर गंभीर मंथन किया गया।
बैठक में संगठन को जमीनी स्तर पर मजबूत करने, अधिक से अधिक समाजजनों को जोड़ने, युवाओं एवं महिलाओं की भागीदारी बढ़ाने तथा शिक्षा, रोजगार, सामाजिक विकास और अधिकारों से जुड़े विषयों को प्राथमिकता देने पर जोर दिया गया।
SC में शामिल किए जाने के मुद्दे पर समाज ने सौंपा ज्ञापन
तमिलनाडु में कूर्मि समाज से जुड़े लोगों को अनुसूचित जाति (SC) में शामिल किए जाने के मुद्दे को लेकर समाज के प्रतिनिधियों ने अपनी चिंता राष्ट्रीय नेतृत्व के सामने रखी। प्रतिनिधिमंडल ने महासभा के राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. वी.एस. निरंजन को ज्ञापन सौंपकर समाज की भावनाओं एवं मांगों से अवगत कराया।
ज्ञापन मिलने के बाद राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. वी.एस. निरंजन एवं राष्ट्रीय महासचिव डॉ. उमेश सिंह ने समाज की भावनाओं और इस विषय को केंद्रीय मंत्री श्रीमती अनुप्रिया पटेल एवं उत्तर प्रदेश के प्रदेश अध्यक्ष श्री पंकज चौधरी तक ई-मेल के माध्यम से पहुंचाया। राष्ट्रीय नेतृत्व ने आश्वस्त किया कि इस विषय को आगे उचित स्तर पर रखा जाएगा और दिल्ली में भी संबंधित स्तर पर ज्ञापन सौंपकर समाज की बात मजबूती से रखी जाएगी।
इस अवसर पर राष्ट्रीय युवा अध्यक्ष धीरज पाटीदार एवं राष्ट्रीय महिला अध्यक्ष लतारिषी चंद्राकर भी उपस्थित रहीं।
पूर्व निर्धारित व्यस्तताओं के कारण श्री पंकज चौधरी कार्यक्रम में व्यक्तिगत रूप से उपस्थित नहीं हो सके। उन्होंने प्रोजेक्टर के माध्यम से अपना संदेश कार्यक्रम स्थल पर मौजूद सामाजिक बंधुओं तक पहुंचाया।
राष्ट्रीय पदाधिकारियों की रही महत्वपूर्ण उपस्थिति
शिवकाशी कार्यक्रम में राष्ट्रीय युवा महासचिव अरुण कुमार पटेल, राष्ट्रीय महिला महासचिव ममता एस. पटेल, राष्ट्रीय महिला कोषाध्यक्ष गायत्री पाटीदार, राष्ट्रीय महिला उपाध्यक्ष नीलम निरंजन, राष्ट्रीय महिला सदस्य गीता कटियार, राष्ट्रीय संगठन मंत्री शेखर कटियार, सदस्य लालसिंह एवं मांडवी सिंह सहित तमिलनाडु के विभिन्न क्षेत्रों से आए समाज के प्रतिनिधि एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
कार्यक्रम में रिटायर्ड एडीजीपी श्री कुमारराज, विधायक श्री शेलवन, प्रदेश अध्यक्ष श्री वेलमुर्गन, प्रदेश महासचिव श्री कार्तिकेयन, तमिलनाडु चीफ कोऑर्डिनेटर प्रोफेसर श्री पेट्टिमुथ्थन, फायरवर्क्स एसोसिएशन के अध्यक्ष श्री मनोहरन एवं श्री अरुयन पंडयान सहित अनेक सामाजिक बंधुओं की गरिमामयी उपस्थिति रही।
इस दौरान एक पुस्तक का विमोचन भी किया गया।
कृषि और पटाखा उद्योग में समाज की उल्लेखनीय भागीदारी
शिवकाशी क्षेत्र के समाजजनों ने बताया कि यहां कूर्मि समाज के अनेक परिवार कृषि से जुड़े हुए हैं। इसके साथ ही क्षेत्र के महत्वपूर्ण पटाखा उद्योग एवं व्यापार में भी समाज के लोगों की सक्रिय भागीदारी है। समाज के प्रतिनिधियों ने स्थानीय स्तर पर आने वाली विभिन्न प्रशासनिक एवं सामाजिक समस्याओं को राष्ट्रीय नेतृत्व के समक्ष रखा।
प्रतिनिधियों ने उम्मीद जताई कि राष्ट्रीय अध्यक्ष डॉ. वी.एस. निरंजन के नेतृत्व में इन समस्याओं को उचित मंच तक पहुंचाकर उनके समाधान के लिए प्रभावी पहल की जाएगी।
“एकता ही समाज की सबसे बड़ी ताकत”
तमिलनाडु प्रवास के दौरान राष्ट्रीय पदाधिकारियों ने समाजजनों से आह्वान किया कि समाज को मजबूत बनाने के लिए आपसी मतभेदों को पीछे छोड़कर एकजुटता के साथ आगे बढ़ना होगा। शिक्षा, संगठन, युवाओं की भागीदारी और सामाजिक अधिकारों को लेकर सामूहिक प्रयास ही समाज को नई दिशा दे सकते हैं।
तमिलनाडु दौरे ने यह संदेश स्पष्ट रूप से दिया कि भाषा और भौगोलिक दूरी अलग हो सकती है, लेकिन सामाजिक रिश्ते, अपनापन और एकता समाज को एक सूत्र में बांधते हैं। राष्ट्रीय नेतृत्व और स्थानीय समाजजनों के बीच हुए इस संवाद से संगठन को नई ऊर्जा मिली और भविष्य में और व्यापक स्तर पर सामाजिक संपर्क अभियान चलाने का संकल्प लिया गया।