चेतना सामाजिक संस्था - Chetna Samajik Sanstha - Bihar

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21/03/2026
04/03/2026

जब घर रंगे जाएं
तो *दीपावली* '
ओर जब घरवाले रंगे जाएं
तो *होली* ।

जब घर में दीपक जलाए जाएं
तो *दीपावली* '
और
जब बाहर चौक में अग्नि जलाएं
तो *होली* ।

एक में अग्नि ( प्रकाश ) है ।
एक में जल है ।
*दीपावली* भगवान का त्यौहार हैं
तो *होली* भक्त का त्यौहार है ।

जब बाहर रोशनी हो '
तो *दीपावली*
और
जब अन्तर्मन में रोशनी हो
तो ---- *होली* ।

*आप सभी को अन्तर्मन से रंगोत्सव*
*होली की हार्दिक शुभकामनायें*

डॉ मिथिलेश कुमार,
अध्यक्ष,
चेतना सामाजिक संस्था, समस्तीपुर,
राज्य संयोजक,
पंचायत चेतना, बिहार

22/11/2025

🙄 #जंगल का #स्कूल😗
हुआ यूँ कि जंगल के राजा शेर ने ऐलान कर दिया
कि अब आज के बाद कोई अनपढ़ न रहेगा।

हर पशु को अपना बच्चा स्कूल भेजना होगा।
राजा साहब का स्कूल पढ़ा-लिखाकर सबको
Certificate बांटेगा।

सब बच्चे चले स्कूल।
हाथी का बच्चा भी आया,
शेर का भी, बंदर भी आया
और मछली भी, खरगोश भी
आया तो कछुआ भी,
ऊँट भी और जिराफ भी।

FIRST UNIT TEST/EXAM
हुआ तो हाथी का बच्चा फेल।

"किस Subject में फेल हो गया जी?"

"पेड़ पर चढ़ने में फेल हो गया,
हाथी का बच्चा।"

"अब का करें?"

"ट्यूशन दिलवाओ,
कोचिंग में भेजो।"

अब हाथी की जिन्दगी का एक ही मक़सद था
कि हमारे बच्चे को पेड़ पर चढ़ने में Top कराना है।

किसी तरह साल बीता।
Final Result आया तो हाथी,
ऊँट, जिराफ सब के बच्चे फेल हो गए।
बंदर की औलाद first आयी।

Principal ने Stage पर बुलाकर मेडल दिया।
बंदर ने उछल-उछल के कलाबाजियाँ दिखाकर
गुलाटियाँ मार कर खुशी का इजहार किया।

उधर अपमानित महसूस कर रहे हाथी,
ऊँट और जिराफ ने अपने-अपने बच्चे कूट दिये।

नालायकों,
इतने महँगे स्कूल में पढ़ाते हैं तुमको |
ट्यूशन-कोचिंग सब लगवाए हैं।
फिर भी आज तक तुम पेड़ पर चढ़ना नहीं सीखे।
सीखो, बंदर के बच्चे से सीखो कुछ,
पढ़ाई पर ध्यान दो।

फेल हालांकि मछली भी हुई थी।
बेशक़ Swimming में First आयी थी
पर बाकी subject में तो फेल ही थी।

मास्टरनी बोली,
"आपकी बेटी के साथ
attendance की problem है।

मछली ने बेटी को आँखें दिखाई!
बेटी ने समझाने की कोशिश की कि,
"माँ, मेरा दम घुटता है इस स्कूल में।
मैं साँस ही नहीं ले पाती।
मुझे नहीं पढ़ना इस स्कूल में।
हमारा स्कूल तो तालाब में होना चाहिये न?"

मां - नहीं, ये राजा का स्कूल है।

तालाब वाले स्कूल में भेजकर मुझे
अपनी बेइज्जती नहीं करानी।
समाज में कुछ इज्जत Reputation है मेरी।
तुमको इसी स्कूल में पढ़ना है।
पढ़ाई पर ध्यान दो।"

हाथी, ऊँट और जिराफ अपने-अपने बच्चों को
पीटते हुए ले जा रहे थे।

रास्ते में बूढ़े बरगद ने पूछा,
"क्यों पीट रहे हो, बच्चों को?"

जिराफ बोला,
"पेड़ पर चढ़ने में फेल हो गए?"

बूढ़ा बरगद सोचने के बाद पते की बात बोला,

"पर इन्हें पेड़ पर चढ़ाना ही क्यों है ?"
उसने हाथी से कहा,

"अपनी सूंड उठाओ और सबसे ऊँचा फल तोड़ लो।
जिराफ तुम अपनी लंबी गर्दन उठाओ और
सबसे ऊँचे पत्ते तोड़-तोड़ कर खाओ।"

ऊँट भी गर्दन लंबी करके फल पत्ते खाने लगा।
हाथी के बच्चे को क्यों चढ़ाना चाहते हो पेड़ पर?
मछली को तालाब में ही सीखने दो न?

दुर्भाग्य से आज स्कूली शिक्षा का पूरा
Curriculum और Syllabus सिर्फ
बंदर के बच्चे के लिये ही Designed है।

इस स्कूल में 35 बच्चों की क्लास में
सिर्फ बंदर ही First आएगा।
बाकी सबको फेल होना ही है।
हर बच्चे के लिए अलग Syllabus,
अलग Subject
और अलग स्कूल चाहिये।

हाथी के बच्चे को पेड़ पर चढ़ाकर
अपमानित मत करो।
जबर्दस्ती उसके ऊपर फेलियर का
ठप्पा मत लगाओ।
ठीक है,
बंदर का उत्साहवर्धन करो पर शेष
34 बच्चों को नालायक,
कामचोर, लापरवाह,
Duffer, Failure
घोषित मत करो।

मछली बेशक़ पेड़ पर न चढ़ पाये
पर एक दिन वो पूरा समंदर नाप देगी।

शिक्षा -
अपने बच्चों की क्षमताओं व प्रतिभा की कद्र करें
चाहे वह पढ़ाई, खेल, नाच, गाने, कला, अभिनय, व्यापार, खेती, बागवानी, मकेनिकल, किसी भी
क्षेत्र में हो और उन्हें उसी दिशा में अच्छा करने दें |

जरूरी नहीं कि सभी बच्चे पढ़ने में ही
अव्वल हो!
बस जरूरत हैं उनमें अच्छे संस्कार व नैतिक
मूल्यों की जिससे बच्चे गलत रास्ते नहीं चुने l

सभी अभिभावकों को
सादर समर्पित 🙏
साभार!!

*दीपोत्सव के इस पावन पर्व पर आपका जीवन दीपोत्सव की तरह सदैव जगमग व प्रकाशमान रहे !आपके जीवन में सकारात्मक उर्जा के साथ स...
20/10/2025

*दीपोत्सव के इस पावन पर्व पर आपका जीवन दीपोत्सव की तरह सदैव जगमग व प्रकाशमान रहे !आपके जीवन में सकारात्मक उर्जा के साथ सुख व ऐश्वर्य की निरंतर वृद्धि हो!*
*दीपावली की हार्दिक बधाई और शुभकामनाएं*

प्रशासनिक अदूरदर्शिता से लोकतंत्र के महापर्व में बच्चे हलकान अभिभावक परेशान : डॉ मिथिलेश कुमारमामला 3 अक्टूबर से विद्याल...
09/10/2025

प्रशासनिक अदूरदर्शिता से लोकतंत्र के महापर्व में बच्चे हलकान अभिभावक परेशान : डॉ मिथिलेश कुमार
मामला 3 अक्टूबर से विद्यालयों के अधिग्रहण का, पंजीयन और परीक्षा प्रपत्र भरने में हो रही परेशानी
डॉ मिथिलेश कुमार

08/10/2025

शिक्षा विभाग का खेल पढ़ाई हो गई फेल।

समस्तीपुर में विधानसभा चुनाव निष्पक्ष और शांतिपूर्ण संपन्न कराने हेतु सशस्त्र बल के ठहराव हेतु जिले की विभिन्न महाविद्यालय, उच्च माध्यमिक विद्यालय, माध्यमिक विद्यालय और मध्य विद्यालय को चयनित किया गया है। जिसके कारण से विभिन्न प्रखंड शिक्षा पदाधिकारीयो के द्वारा डीएसपी सदर एवं अन्य के पत्रांक और दिनाक को उद्धृत करते हुए 03 अक्टूबर 2025 से उपरोक्त स्तर के विद्यालयों में पठन - पाठन,कक्षा 9 वी और 11 वी पंजीकरण (रजिस्ट्रेशन) और 10 वी और 12 वी का परीक्षा फॉर्म भरने के कार्य को टैग विद्यालय (उच्च माध्यमिक एवं माध्यमिक विद्यालय को निकटवर्ती मध्य विद्यालय और मध्य विद्यालय को निकटवर्ती प्राथमिक विद्यालय) में हस्तांतरित कर दिया गया है । प्रखण्ड शिक्षा पदाधिकारी के पत्र के निकले 6 दिन बीत जाने के बाद भी उक्त विद्यालय में अभी तक सशस्त्र बल का आगमन नही हुआ है।विद्यालय को सशस्त्र बल के आगमन के कई दिन पहले हस्तांतरित हो जाने से विद्यालय में अध्ययनरत छात्र - छात्रों का पठन - पाठन बाधित हो गया है जिससे सरकार की गुणवततपूर्ण शिक्षा पर प्रश्नचिन्ह लग रहा है।कक्षा 9 वी और 11 वी पंजीकरण (रजिस्ट्रेशन) और 10 वी और 12 वी का परीक्षा फॉर्म भरने हेतु भी विद्यार्थियों को अपने विद्यालय से हस्तांतरित विद्यालय में दौड़ भाग करना पड़ रहा है। छात्र - छात्रों के शिक्षा का अधिकार, बाल अधिकार, भोजन का अधिकार, समता का अधिकार और खेल का अधिकार बाधित हो रहा है। साथ ही साथ उनके समता और न्याय जैसी संवैधानिक मूल्यों पर भी कुठाराघात किया जा रहा है। कई विद्यालयों में सशस्त्र बल को रहने के लिए दिए कक्षा से अधिक कक्षा बचे पड़े है जहां की वर्ग संचालन,पंजीकरण और परीक्षा फॉर्म का कार्य किया जा सकता था या निजी महाविद्यालय में सशस्त्र बल को ठहराया जा सकता था। जिस पर शिक्षा विभाग के पाधिकारियो एवं प्रशासनिक पदाधिकारियों की नजर नहीं गई या आसामाजिक तत्वों पर नकेल कसकर निष्पक्ष चुनाव कराने के लिए जवाबदेह सशस्त्र बलों को विद्यालय में अध्ययनरत छात्र - छात्राओं से ही असुरक्षा का भय था? यह समझ से पड़े है। #समता #न्याय #शिक्षाकाअधिकार #बालअधिकार #समताकाअधिकार #भोजनकाअधिकार #खेलकाअधिकारशिक्षा

2 अक्टूबर की विशेष ग्राम सभा को बनाएं स्मार्ट और पारदर्शी।अब 'सभासार' टूल के साथ ग्राम सभा की कार्यवाही होगी आसान और सटी...
01/10/2025

2 अक्टूबर की विशेष ग्राम सभा को बनाएं स्मार्ट और पारदर्शी।

अब 'सभासार' टूल के साथ ग्राम सभा की कार्यवाही होगी आसान और सटीक। यह AI-संचालित टूल ग्राम सभा के वीडियो/ऑडियो से स्वचालित मिनट्स ऑफ मीटिंग (MoM) तैयार करता है।

अधिक जानकारी के लिए https://sabhasaar.panchayat.gov.in पर जाएं।

18/09/2025

Celebrating my 5th year on Facebook. Thank you for your continuing support. I could never have made it without you. 🙏🤗🎉

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