05/04/2026
**खुद्दाम-ए-रमज़ान प्रोग्राम – लखीमपुर खीरी**
**तारीख: 01 अप्रैल 2026**
जमीअत यूथ क्लब, लखीमपुर खीरी के ज़ेर-ए-एहतमाम मदरसा इदारा महमूदिया मोहम्मदी (ज़िला लखीमपुर खीरी) में *खुद्दाम-ए-रमज़ान* के तहत एक अहम और कामयाब प्रोग्राम का आयोजन किया गया। इस प्रोग्राम का मकसद रमज़ान उल मुबारक के दौरान मसाजिद में अंजाम दी गई खिदमतों का जायज़ा लेना, खिदमत करने वाले नौजवानों की हौसला-अफ़ज़ाई करना और आगे भी इसी जज़्बे को बरक़रार रखने की तरगीब देना था।
इस मौके पर जमीअत उलमा लखीमपुर के तमाम जिम्मेदारान और वो साथी मौजूद रहे, जिन्होंने रमज़ान के मुक़द्दस महीने में अपनी-अपनी मस्जिदों में सफ़ाई, इफ़्तार इंतज़ाम और दीगर खिदमाती कामों को बेहतरीन अंदाज़ में अंजाम दिया। यह खिदमत ज़िला लखीमपुर खीरी की 17 मस्जिदों में अंजाम दी गई, जिनमें संसापुर, मोहम्मदी, अच्छनियां, नीमगांव, देवरिया, रसूलपुर, बहादुरपुर, रामपुर मदारी, सेहरुआ, रायपुर आदि खास तौर पर शामिल हैं।
प्रोग्राम का आगाज़ तिलावत-ए-क़ुरआन पाक से हुआ, जिसके बाद नात-ए-पाक पेश की गई। इसके बाद मास्टर मो. फ़रज़ान साहब ने रमज़ान के दौरान अंजाम दी गई तमाम खिदमतों की मुकम्मल रिपोर्ट पेश की, जिसमें उन्होंने विभिन्न मसाजिद में किए गए कामों की तफ्सील बयान की।
इसके बाद *मौलाना महयुद्दीन साहब (जनरल सेक्रेट्री*) ज़िला लखीमपुर खीरी ने अपने खिताब में खिदमत की अहमियत पर रोशनी डाली और नौजवानों को दीनी व समाजी जिम्मेदारियों के प्रति सजग रहने की नसीहत की। *मौलाना अहमद अब्दुल्लाह साहब (सेक्रेट्री, जमीअत यूथ क्लब*) ने अपने खिताब में कहा कि “*हमें हमेशा खादिम बनकर रहना चाहिए और हर वक्त मुल्क व इंसानियत की खिदमत के लिए तैयार रहना चाहिए।"
प्रोग्राम के सदर *मौलाना इस्लामुल हक़ असजद साहब (अध्यक्ष, जमीअत उलमा वस्त ज़ोन*) ने अपने खिताब में नौजवानों की खिदमत को सराहते हुए फरमाया कि “आप नौजवान हमारे दीन का कीमती सरमाया हैं। आपने रमज़ान में जो खिदमत अंजाम दी है, वह काबिले-तारीफ़ है। हमें चाहिए कि हम अपनी पूरी ज़िंदगी को माह-ए-मुबारक की तरह गुज़ारने की कोशिश करें।”
पूरे प्रोग्राम की निज़ामत मौलाना नूरुल बशर साहब ज़िम्मेदार जमीअत यूथ क्लब लखीमपुर खीरी ने बेहतरीन अंदाज़ में अंजाम दी और प्रोग्राम को मुकम्मल तौर पर कामयाब बनाया। प्रोग्राम के आखिर में दुआ के साथ इख्तिताम हुआ, जिसमें तमाम हाज़िरीन ने मुल्क व मिल्लत की तरक्की और अपनी खिदमतों की कबूलियत के लिए दुआ की।
इस प्रोग्राम में शामिल मस्जिदों के लीडर व जमीअत यूथ क्लब के साथी मौलाना ज़ुबैर साहब, मौलाना गुफरान साहब, मौलाना इस्राफील साहब, हाफ़िज़ उसेद साहब, जनाब शमशुल हसन साहब, जनाब मेराजुद्दीन,मो जुनैद, जनाब सालिम साहब,मो ओसामा खान,हाफिज शोएब साहब, हाफ़िज़ फरमान फारूकी, जनाब रफीउद्दीन साहब आदि लोग मौजूद रहे।
अल्लाह तआला से दुआ है कि वह तमाम साथियों की खिदमतों को कबूल फरमाए और उन्हें आगे भी इसी जज़्बे और लगन के साथ दीनी व इंसानी खिदमत अंजाम देने की तौफ़ीक अता फरमाए। आमीन।