23/06/2025
23 जून 1985 को एक भयावह आतंकी घटना ने विश्व को झकझोर कर रख दिया था। कनाडा आधारित खालिस्तानी आतंकी संगठन 'बब्बर खालसा' ने एक भीषण साजिश के तहत एयर इंडिया फ्लाइट 182 (जिसे 'कनिष्क' विमान भी कहा जाता है) में बम विस्फोट किया। यह विमान आयरलैंड के कॉर्क शहर के पास अटलांटिक महासागर में दुर्घटनाग्रस्त हो गया। इस दुखद घटना में 329 निर्दोष लोगों की जान चली गई, जिनमें अधिकांश भारतीय नागरिक थे। यह घटना 9/11 से पहले की सबसे बड़ी विमानन आतंकी घटना मानी जाती है।
आज इस त्रासदी की 40वीं बरसी पर, भारत सरकार की ओर से केंद्रीय मंत्री श्री हरदीप सिंह पुरी ने आयरलैंड के आहकिस्टा (Ahakista) में स्थित कनिष्क मेमोरियल पर पहुंचकर पीड़ितों को श्रद्धांजलि अर्पित की।
इस अवसर पर उन्होंने कहा कि यह सिर्फ एक विमान दुर्घटना नहीं थी, बल्कि मानवता के खिलाफ एक अमानवीय आतंकी हमला था। इस स्मृति स्थल पर हर वर्ष पीड़ितों को याद किया जाता है, लेकिन इस वर्ष की वर्षगांठ विशेष थी क्योंकि यह घटना की 40वीं वर्षगांठ थी — एक ऐसा दिन जो हमें यह याद दिलाता है कि आतंकवाद किसी एक देश या समुदाय का दुश्मन नहीं, बल्कि पूरे मानव समाज के लिए खतरा है।